मणिकर्णिका घाट की प्रतिमाओं का संरक्षण
वाराणसी।।शुक्रवार को काशीविद्वत परिषद के सदस्यों ने बैठक कर एक सुर में मणिकर्णिका घाट पर विकास कार्यों की वजह से हटाई गईं प्रतिमाओं के संरक्षण और पुनर्स्थापित करने की मांग की है।
2023 से दाह संस्कार के लिए विश्व प्रसिद्ध मणिकर्णिका घाट पर नए स्वरूप का निर्माण कार्य चल रहा है । इसी दौरान कुछ दिनों पहले घाट के निचले हिस्से में स्थापित एक मणि को मशीनों से तोड़ दिया गया। इसी मणि के नीचे भित्तियों में महारानी अहिल्याबाई समेत कई प्रतिमाएं लगी थीं। आज अखिल भारतीय संत समिति और काशी विद्वत परिषद के सदस्यों ने इस पर चिंता जाहिर करते हुए ऑनलाइन बैठक की।

बनारस में एक और परियोजना पर विवाद शुरू हो गया है। धार्मिक और आध्यत्मिक महत्व वाले काशी के विश्वप्रसिद्ध मणिकर्णिका घाट के पुनर्निर्माण में टूटे मणि और प्रभावित मूर्तियों को लेकर विपक्ष के नेताओं ने सीधा पीएम मोदी पर निशाना साधा है। काशी की प्रतिष्टित काशी विद्वत परिषद और अखिल भारतीय संत समिति भी विकास कार्यो में हो रही गतिविधियों पर नाराज़गी जाहिर की। जिसपर जिला प्रशासन की ओर से भ्रम दूर करते हुए जानकारी दी गयी कि कुछ दीवारों पर भित्ति चित्रों व मढ़ी पर लगे कुछ मूर्तियां प्रभावित हुईं हैं, जिसे संग्रहित कर पुन: स्थापित किया जाएगा।

