कोचिंग से लौट रहे 14 वर्षीय छात्र पर हमला,जातिसूचक टिप्पणी का भी आरोप
कोचिंग से लौट रहे 14 वर्षीय छात्र पर हमला,जातिसूचक टिप्पणी का भी आरोप
गाजीपुर
बरेसर बाजार में सोमवार की शाम कोचिंग से घर लौट रहे 14 वर्षीय छात्र के साथ मारपीट और जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। पीड़ित के पिता की तहरीर पर पुलिस ने छह नामजद और तीन अज्ञात लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना के बाद से घायल छात्र का उपचार चल रहा है, जबकि परिजनों ने परिवार की सुरक्षा की मांग की है।
होरिलपुर गांव निवासी प्रेमशंकर मिश्र ने थाना बरेसर में दी गई तहरीर में बताया कि उनका पुत्र रुद्रांश (14) सोमवार शाम करीब छह बजे कोचिंग पढ़कर घर लौट रहा था। आरोप है कि जैसे ही वह बरेसर बाजार स्थित एक दुकान के सामने पहुंचा, वहां मौजूद मनई सिंह पुत्र सुदेश्वर सिंह ने उसे बुला लिया। इसके बाद बिना किसी उकसावे के लात-घूंसों और जूतों से मारना शुरू कर दिया। विरोध करने पर आरोपित ने गले में पड़ा गमछा पकड़कर इतनी जोर से खींचा कि बच्चे का दम घुटने लगा और वह सड़क पर गिर पड़ा। गिरने के दौरान उसका मोबाइल फोन भी टूट गया।
तहरीर में आरोप लगाया गया है कि मारपीट के दौरान आरोपितों ने छात्र के साथ जातिसूचक टिप्पणी करते हुए उसकी पढ़ाई बंद करा देने की धमकी दी। इसके बाद मनई सिंह ने बेल्ट से उसकी पिटाई शुरू कर दी। शोर सुनकर आसपास के लोग कुछ समझ पाते, इससे पहले ही प्रेमशंकर सिंह पुत्र सुदेश्वर सिंह, विभीषण बिंद पुत्र रमाकांत, आरिफ पुत्र अज्ञात तथा तीन अन्य अज्ञात लोग भी मौके पर पहुंच गए और सभी ने मिलकर छात्र के साथ मारपीट की।
आरोप है कि इसी दौरान युवराज पुत्र मनई सिंह हाथ में फाइटर लेकर पहुंचा और छात्र के सिर पर वार कर दिया। सिर पर चोट लगने के बाद छात्र जमीन पर गिर पड़ा, लेकिन आरोपितों ने उसकी पिटाई जारी रखी। परिजनों का आरोप है कि हमलावरों ने उसकी गर्दन पर पैर रखकर दबाया, जिससे उसे सांस लेने में तकलीफ होने लगी और गर्दन में गंभीर चोट आई। घायल छात्र दर्द से चिल्लाता रहा, लेकिन आरोपित जान से मारने की धमकी देते रहे।
घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय लोगों ने पुलिस और 102 एंबुलेंस को सूचना दी। एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल छात्र को प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकीय परीक्षण के बाद उसका इलाज जारी है। घटना के बाद से पीड़ित परिवार दहशत में है। तहरीर में कहा गया है कि आरोपित दबंग और गोलबंद प्रवृत्ति के हैं तथा लगातार जान से मारने की धमकी दे रहे हैं, जिससे पूरा परिवार भयभीत है।
पीड़ित पक्ष ने चंद्र कुमार यादव और विजय शंकर बिंद को घटना का प्रत्यक्षदर्शी बताते हुए उनके सामने पूरी वारदात होने का दावा किया है। साथ ही पुलिस से परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने और आरोपितों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
थानाध्यक्ष ओमप्रकाश ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर नामजद एवं अन्य अज्ञात आरोपितों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। मेडिकल रिपोर्ट, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
