कवि समालोचक रमाशंकर राय “वन-फूल” की पांचवीं पुण्यतिथी आयोजित।
रेवतीपुर स्थित ब्लाक परिसर सभागार में कवि समालोचक रमाशंकर राय “वन-फूल” की पांचवीं पुण्यतिथी के अवसर पर विचार गोष्ठी सह कविगोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें जिले के तमाम गणमान्य व्यक्ति, कवि, रचनाकार एवं अन्य विद्वत गण उपस्थित रहे।

माॅ सरस्वती और स्व० रमाशंकर राय जी के चित्र के सामने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं पुष्पांजलि अर्पित कर के कार्यक्रम की शुरुआत की गई। मुख्य अतिथि वरिष्ठ के रूप में नवगीतकार एवं पूर्व अपर आयुक्त वाराणसी मंडल ओम धीरज जी रहे एवं विशिष्ट अतिथि डॉ कमलेश राय (वरिष्ठ कवि, सम्पादक- शब्दिता), कुमार शैलेन्द्र (वरिष्ठ साहित्यकार), डॉ रामबदन राय (वरिष्ठ साहित्यकार) रहे। अध्यक्षता हिमांशु उपाध्याय ( वरिष्ठ पत्रकार एवं नवगीतकार) रहे।

विचार गोष्ठी का संचालन डॉ अक्षय पांडेय व कवि गोष्ठी का संचालन मिथिलेश गहमरी ने किया। विचार गोष्ठी में मुख्य रूप से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जौनपुर विभागाध्यक्ष सच्चिदानंद राय “चाचाजी”, भाजपा जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश राय, अवध बिहारी राय, वरिष्ठ साहित्यकार डॉ ऋचा राय ने अपना विचार व्यक्त किया।

डॉ ऋचा राय ने उनकी विशेषताओं के बारे में वर्णन करते हुए बताया कि स्व० रमाशंकर राय मार्क्सवादी विचारधारा से प्रेरित थे। आगे उन्होंने कहा कि भारतीय समाज को बाजारवाद से चेताते हुए रमाशंकर राय जी ने अनेक कविताएं लिखी हैं। वो जातिवाद के सशक्त विरोधी भी थे।

डॉ कमलेश राय ने कहा कि रमाशंकर राय जी बहुत ही सहज एवं सरल थे। उनके करीब जाने पर सकारात्मक उर्जा का संचार होने लगता था। वो जैसा दिखते थे, वैसा ही लिखते भी थे।

कार्यक्रम में डॉ झारखंडे पांडेय, अरूण राय “झल्लन”, विपिन बिहारी राय, बब्बन राम, पूर्व प्रधान उपेन्द्र नाथ शर्मा, पूर्व प्रधान विजय शंकर पाल, रणधीर यादव, आशुतोष पांडेय, अनूप राय इत्यादि गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
