मेरा शव ससुराल वालों को सौप देना
गाजीपुर । शहर कोतवाली क्षेत्र के लंका स्थित एक होटल में 50 वर्षीय ओम प्रकाश राय ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। घटनास्थल से पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें मृतक ने अपनी आर्थिक तंगी और पारिवारिक उपेक्षा की मार्मिक कहानी बयां की। नोट में उन्होंने अपील की कि चंदा इकट्ठा कर उनका अंतिम संस्कार कर दिया जाए। मृत्यु प्रमाणपत्र उनके ससुराल वालों को सौंप दिया जाए।
गाजीपुर के शहर कोतवाल दीन दयाल पांडेय ने बताया कि मृतक की पहचान मुहम्मदाबाद थाना क्षेत्र के तमलपुरा निवासी ओम प्रकाश राय के रूप में हुई। उनके परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है। जानकारी के अनुसार ओम प्रकाश ने शनिवार शाम को लंका के एक होटल में कमरा बुक किया था।
रविवार सुबह कमरे का दरवाजा ना खुलने पर होटल स्टाफ को शक हुआ और उन्होंने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने वीडियोग्राफी के साथ खिड़की से कमरे का मुआयना किया। जहां ओम प्रकाश कुर्सी पर औंधे मुंह गिरे मिले। दरवाजा खोलकर उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
सुसाइड नोट में ओम प्रकाश ने अपनी जिंदगी की त्रासदी का जिक्र किया। उन्होंने लिखा कि वह बिहार में परिवार के साथ रहते थे। एक सीमेंट कंपनी में नौकरी करते थे। साल 2021 में कोरोना के कारण उनकी पत्नी की मृत्यु हो गई। इसके बाद चार-पांच महीने पहले उनकी नौकरी छूट गई।
इससे आर्थिक स्थिति खराब हो गई। कमरे के किराए का 18 हजार रुपये बकाया हो गया था, जिसे चुकाकर वह ससुराल पहुंचे। उन्होंने चाचा से मदद मांगी। लेकिन चाचा ने मना कर दिया और कहा कि जहां हो वहीं रहो। ओम प्रकाश ने नोट में लिखा कि उनके नाम पर जमीन-जायदाद है।
इसके बाद भी उन्हें कोई सहारा नहीं मिला। मजबूरी में उन्होंने यह कदम उठाया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि होटल का बकाया चुका दिया गया है। उनकी मृत्यु के लिए किसी को परेशान ना किया जाए। पुलिस ने सुसाइड नोट के आधार पर जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई कर रही है।
